मीरा-भाईंदर मनपा मुख्यालय में आग, स्वास्थ्य विभाग का रिकॉर्ड और सामान जलकर खाक
मीरा-भाईंदर मनपा मुख्यालय में आग, स्वास्थ्य विभाग की फाइलें और सामान जला
भाईंदर। मीरा-भाईंदर महानगरपालिका मुख्यालय में सोमवार सुबह अचानक आग लगने से हड़कंप मच गया। मुख्यालय की पहली मंजिल पर स्थित स्वास्थ्य विभाग के कार्यालय में लगी आग में बड़ी संख्या में फाइलें, दस्तावेज और अन्य कार्यालयीन सामग्री जलकर खाक हो गई। गनीमत रही कि घटना के समय कार्यालय में कर्मचारी मौजूद नहीं थे, जिसके चलते किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, भाईंदर पश्चिम स्थित महानगरपालिका मुख्यालय में सोमवार सुबह करीब 8 बजे स्वास्थ्य विभाग के कार्यालय से धुआं निकलता दिखाई दिया। सुबह का समय होने के कारण कार्यालय में कर्मचारियों की मौजूदगी नहीं थी। कुछ ही देर में धुआं मुख्यालय परिसर में फैलने लगा, जिसके बाद सुरक्षा कर्मचारियों को आग लगने की जानकारी मिली।
घटना की सूचना तत्काल अग्निशमन विभाग को दी गई। अग्निशमन दल के जवान मौके पर पहुंचते, उससे पहले सुरक्षा कर्मचारियों ने कार्यालय का दरवाजा खोलने की कोशिश की और आग बुझाने का प्रयास किया। इसके बाद दमकल कर्मियों ने पानी का छिड़काव कर आग पर नियंत्रण पा लिया। समय रहते आग पर काबू पाए जाने से इसे अन्य हिस्सों तक फैलने से रोक लिया गया।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, कार्यालय में लगे एयर कंडीशनिंग सिस्टम में शॉर्ट सर्किट होने के कारण आग लगने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि आग लगने का वास्तविक कारण अभी स्पष्ट नहीं हुआ है। घटना के बाद मनपा प्रशासन की ओर से कार्यालय और विद्युत व्यवस्था का निरीक्षण किया जा रहा है।

आग की चपेट में आने से स्वास्थ्य विभाग की कई फाइलें, कागजात और अन्य सामान क्षतिग्रस्त हुए हैं। इनमें किस प्रकार के महत्वपूर्ण दस्तावेज शामिल हैं और कितना आर्थिक नुकसान हुआ है, इसका आकलन प्रशासन की जांच के बाद ही सामने आएगा।
अग्निसुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
मीरा-भाईंदर महानगरपालिका मुख्यालय में आग से निपटने के लिए विभिन्न अग्निसुरक्षा व्यवस्थाएं मौजूद हैं। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि आग लगने के बाद इन सुरक्षा उपकरणों और व्यवस्थाओं का प्रभावी ढंग से इस्तेमाल हुआ या नहीं। यदि सुरक्षा कर्मचारियों को आग का पता धुआं फैलने के बाद चला, तो मुख्यालय में लगे फायर अलार्म और अन्य सुरक्षा प्रणालियों की कार्यक्षमता को लेकर भी जांच की जरूरत है।
महानगरपालिका की इमारत में अग्निसुरक्षा के लिए करोड़ों रुपये खर्च किए जाने के बावजूद आग लगने की घटना सामने आने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन द्वारा घटना की विस्तृत जांच के साथ-साथ विद्युत व्यवस्था, एयर कंडीशनिंग सिस्टम और अग्निशमन उपकरणों की भी जांच किए जाने की संभावना है।

